कोलकाता/मालदा: आगामी त्योहारों और छुट्टियों के दौरान यात्रियों के सफर को सुखद और साफ-सुथरा बनाने के लिए पूर्व रेलवे ने एक बड़े स्वच्छता अभियान की तैयारी की है। ‘पोइला बैसाख’ और ‘जमाई षष्ठी’ जैसे उत्सवों के बीच ट्रेनों में बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए, पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक मिलिंद देऊस्कर ने 15 अप्रैल से 14 मई 2026 तक विशेष स्वच्छता जागरूकता अभियान चलाने का निर्देश दिया है। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को उनके सफर के दौरान रेलवे स्टेशनों और ट्रेनों में घर जैसी साफ-सफाई का अनुभव कराना है।
स्टेशनों से लेकर कॉलोनियों तक होगी सफाई
यह अभियान केवल प्लेटफॉर्म तक ही सीमित नहीं रहेगा, बल्कि रेलवे कॉलोनियों, स्कूलों, कार्यालयों, अस्पतालों और पटरियों पर भी व्यापक स्तर पर चलाया जाएगा। इस मिशन को सफल बनाने के लिए रेलवे का जनसंपर्क विभाग, पर्यावरण विभाग और भारत स्काउट्स एंड गाइड्स मिलकर काम करेंगे। हावड़ा, सियालदह, आसनसोल और मालदा रेल मंडलों के प्रमुख स्टेशनों जैसे भागलपुर, साहिबगंज, जसीडीह और बर्द्धमान में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। यात्रियों को जागरूक करने के लिए स्टेशनों पर लाउडस्पीकर, पोस्टरों और सीधे संवाद का सहारा लिया जाएगा।
डिजिटल माध्यमों और प्रतियोगिताओं से जुड़ेंगे युवा
इस बार रेलवे ने स्वच्छता के संदेश को युवाओं तक पहुँचाने के लिए आधुनिक तकनीक का भी उपयोग करने का फैसला किया है। अभियान के दौरान रील्स (Reels) और शॉर्ट वीडियो प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इसके साथ ही हर हफ्ते अलग-अलग थीम पर स्लोगन लेखन, पेंटिंग, कार्टून निर्माण और नुक्कड़ नाटकों के जरिए लोगों को जागरूक किया जाएगा। स्कूली बच्चों और स्काउट्स के माध्यम से घर-घर जाकर भी स्वच्छता का संदेश फैलाया जाएगा ताकि यह लोगों की आदत में शामिल हो सके।
यात्रियों की जिम्मेदारी पर जोर
पूर्व रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शिबराम माझि ने बताया कि छुट्टियों के मौसम में यात्रियों की संख्या काफी बढ़ जाती है, इसलिए स्वच्छता का संदेश फैलाने का यह सबसे सही समय है। उन्होंने कहा कि इस पहल का मकसद यात्रियों के मन में जिम्मेदारी की भावना जगाना है। जब यात्री स्वयं जागरूक होंगे, तभी रेलवे परिसर को स्वच्छ रखा जा सकेगा। रेलवे का लक्ष्य है कि त्योहारों के इस मौसम में हर यात्री का सफर न केवल यादगार हो, बल्कि पूरी तरह से स्वस्थ और स्वच्छ भी रहे।