कोलकाता, 30 मार्च 2026
पूर्व रेलवे (Eastern Railway) ने व्यापार और माल ढुलाई के मामले में एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। इस वित्तीय वर्ष (2025-26) के खत्म होने से एक दिन पहले ही रेलवे ने 100 मिलियन टन माल ढोने का लक्ष्य पार कर लिया है। खास बात यह है कि पूर्व रेलवे ने लगातार दूसरे साल यह शानदार रिकॉर्ड बनाया है।
किन चीजों की हुई सबसे ज्यादा ढुलाई
माल ढुलाई में सबसे बड़ा हिस्सा कोयले का रहा। इसके अलावा लोहे का सामान (पिग आयरन और स्टील), सीमेंट, खाद और अन्य जरूरी चीजों को भी भारी मात्रा में एक जगह से दूसरी जगह पहुंचाया गया। ये सभी चीजें देश में चल रहे निर्माण कार्यों और उद्योगों के लिए बहुत जरूरी हैं।
बदल रही है पहचान
आम तौर पर लोग पूर्व रेलवे को सिर्फ यात्रियों के आने-जाने के लिए जानते हैं, लेकिन अब यह सामान ढोने (माल ढुलाई) के मामले में भी एक मजबूत खिलाड़ी बनकर उभरा है। पश्चिम बंगाल के बंदरगाहों और उत्तर-पूर्वी राज्यों तक सामान पहुंचाने में इसकी भूमिका सबसे अहम रही है।
महाप्रबंधक ने दी बधाई
पूर्व रेलवे के महाप्रबंधक मिलिंद देऊस्कर ने इस बड़ी सफलता पर पूरी टीम को बधाई दी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की कड़ी मेहनत की वजह से ही पूर्व रेलवे भारतीय रेलवे के सबसे खास जोन में अपनी जगह बनाए हुए है।