घर-घर जाकर मोबाइल ऐप से जुटेगा डेटा, 30 तक चलेगा सर्वेक्षण
साहिबगंज : समेकित जनजातीय विकास अभिकरण, साहिबगंज के तत्वावधान में अत्यंत पिछड़ी जनजाति (PVTG) समुदाय के समग्र विकास एवं उन्हें सरकारी योजनाओं से आच्छादित करने के उद्देश्य से एक व्यापक पारिवारिक सर्वेक्षण (Household Survey) अभियान प्रारंभ किया जा रहा है।
यह सर्वेक्षण झारखण्ड सरकार के निर्देशानुसार 01 अप्रैल से 30 अप्रैल 2026 तक किया जाएगा। इस अभियान के अंतर्गत जिले के सभी PVTG परिवारों तक पहुंच सुनिश्चित करते हुए घर-घर जाकर मोबाइल ऐप के माध्यम से विस्तृत जानकारी संकलित की जाएगी।
इस सर्वेक्षण का मुख्य उद्देश्य PVTG समुदाय के परिवारों की वास्तविक सामाजिक-आर्थिक स्थिति का आकलन करना, उन्हें विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ना तथा पात्र लाभुकों के लिए योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है। इसके साथ ही, सर्वेक्षण के माध्यम से प्रत्येक परिवार की पहचान, उनके निवास स्थान (विशेषकर वन क्षेत्र एवं सुदूरवर्ती बस्तियों) का मैपिंग तथा उनकी आवश्यकताओं का समुचित दस्तावेजीकरण किया जाएगा।
जिले के सभी प्रखंडों—बरहेट, बरहरवा, बोरियो, मंडरो , पतना, राजमहल, साहिबगंज एवं तालझारी—में यह सर्वेक्षण अभियान सुनियोजित तरीके से संचालित होगा। कुल 320 गांवों एवं 501 बस्तियों के लगभग 15,809 परिवारों (कुल जनसंख्या लगभग 70,644) को इस अभियान के अंतर्गत शामिल किया गया है।
जिला स्तर पर इस महत्वपूर्ण कार्य के सफल संचालन हेतु जिला कल्याण पदाधिकारी श्री संजय कुमार दास को नोडल पदाधिकारी के रूप में नामित किया गया है। उनके नेतृत्व में संबंधित प्रखंडों के पदाधिकारी एवं सर्वेक्षक इस अभियान को निर्धारित समयावधि में पूर्ण करेंगे।
सर्वेक्षण कार्य के लिए प्रत्येक गांव में एक एन्यूमैरेटर का निर्धारण किया जाना है। जिसका चयन निम्न प्रकार से किया जाएगा-
- एन्यूमैरेटर के चयन में पूर्व से चिन्हित आदि कर्म योगी को प्राथमिकता देना है।
- चयनित युवक उसी गांव का हो तो ज्यादा बेहतर।
- युवक को कम से कम इंटर या मैट्रिक पास होना अनिवार्य है।
- एन्यूमैरेटर को हिंदी अंग्रेजी तथा स्थानीय ग्रामीणों के स्थानीय भाषा का ज्ञान हो।
- एन्यूमैरेटर के पास एक अपना एंड्राइड मोबाइल हो एवं उसे ऑपरेट करने की क्षमता हो।
- मोबाइल एप डाउनलोड करके उसे प्रत्येक घर का मुखिया का तथा प्रत्येक सदस्य का सर्वे करना है जिसमें कई प्रकार की सूचनाओं को एकत्र करनी है।
- प्रत्येक घर के त्रुटि रहित सर्वेक्षण के लिए 150 रुपए केंद्र सरकार से दिया जाना है।
- इनके भुगतान के लिए पेआईडी बनाकर कार्य समाप्ति के उपरांत भेजना है।
- यदि किसी गांव में हाउसहोल्ड की संख्या कम है या वहां पर कोई युवक उपरोक्त योग्यता का नहीं मिल रहा है तो आसपास के गांव में जिस युवक को जिम्मेवारी दी गई है उनके द्वारा ही उसे गांव में सर्वे करवा सकते हैं।
- कम से कम 100 घर पर एक एन्यूमैरेटर को रखना है, उससे अधिक होने पर एक से अधिक भी एन्यूमैरेटर रख सकते हैं जिसकी एक संभावित संख्या गूगल सीट में दी गई है।
- सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी अपने-अपने प्रखंड में गांव की संख्या के अनुसार एक आई कार्ड फोटो एवं गांव के नाम के साथ प्रत्येक एन्यूमैरेटर को दिया जाना है।
- भारत सरकार से प्राप्त ट्रेंनिंग मैटेरियल या पीपीटी या वीडियो सभी लोगों को उपलब्ध कराया जाएगा।
विदित हो कि यह सर्वेक्षण कार्य 01 अप्रैल से प्रारंभ करते हुए 30 अप्रैल तक किसी भी परिस्थिति में पूर्ण किया जाना है।
समेकित जनजातीय विकास अभिकरण, साहिबगंज द्वारा आमजन से अपील की गई है कि वे सर्वेक्षण दल को सही एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध कराकर इस महत्वपूर्ण पहल को सफल बनाने में सहयोग करें, ताकि सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच सके।