न्यूज़ डेस्क, कोलकाता:
कोलकाता का ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड आज एक नए इतिहास का गवाह बना। पश्चिम बंगाल के 9वें मुख्यमंत्री के रूप में शुभेंदु अधिकारी ने भव्य समारोह में शपथ ली। यह समारोह न केवल एक नई सरकार का गठन था, बल्कि बंगाल की सत्ता संरचना में आए एक बड़े वैचारिक और राजनीतिक बदलाव का शक्ति प्रदर्शन भी था।
प्रमुख उपस्थिति और राष्ट्रीय संदेश
इस समारोह की गरिमा बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार का शीर्ष नेतृत्व कोलकाता पहुंचा। मंच पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, और भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन उपस्थित रहे। इनके अलावा कई केंद्रीय मंत्री और भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्री भी इस ऐतिहासिक पल के साक्षी बने।
शपथ ग्रहण के लिए 9 मई (रवींद्र जयंती) का दिन चुनना एक गहरा सांस्कृतिक संदेश माना जा रहा है, जिसे भाजपा के ‘सोनार बांग्ला’ के संकल्प से जोड़कर देखा जा रहा है।
इन दिग्गजों ने ली शपथ
शुभेंदु अधिकारी के साथ उनके मंत्रिमंडल के पांच अन्य प्रमुख सदस्यों ने भी मंत्री पद की शपथ ली। नई सरकार के शुरुआती चेहरे इस प्रकार हैं:
- दिलीप घोष
- अग्निमित्रा पॉल
- निशिथ प्रामाणिक
- अशोक कीर्तनिया
- क्षुदिराम टुडू
ऐतिहासिक जीत का परिणाम
हाल ही में संपन्न हुए 2026 के विधानसभा चुनावों में भाजपा ने प्रचंड जीत हासिल कर तृणमूल कांग्रेस के 15 साल के शासन को समाप्त किया है। शुभेंदु अधिकारी, जिन्होंने नंदीग्राम और भवानीपुर दोनों सीटों से जीत दर्ज की, को सर्वसम्मति से विधायक दल का नेता चुना गया था।
शपथ ग्रहण के बाद अपने संबोधन में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि राज्य में अब “डबल इंजन” की सरकार के साथ शांति और विकास के एक नए युग की शुरुआत होगी। उन्होंने बंगाल की कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ करने और औद्योगिक विकास को प्राथमिकता देने का संकल्प दोहराया।